"होटल
एम्बियन्स-झाँसी की सर्विस????"
आज
दिनांक 23 जून 2022 को कुछ दुर्भाग्य ही था कि होटल एम्बियन्स झाँसी मे प्रातः
7.30 बजे होटल छोड़ने के लिए जब काउंटर पर होटल के मैनेजर रोहित से निवेदन किया कि सामान
रूम से बाहर निकालने मे सहायता के लिये किसी स्टाफ को भेज दे? तो मैनेजर
रोहित से जवाब की ऐसी अपेक्षा नहीं थी? बोला स्टाफ 10 बजे
आयेगा!! अचानक से किसी होटल के मैनेजर का इस तरह गैर जिम्मेदारा ब्यान से मै हतप्रभ
था!! मैंने कहा यदि कोई अतिथि अभी आपके होटल मे रुकने के लिये आयेगा तो क्या उसे आप
दस बजे तक प्रतीक्षा करने के लिये कहेंगे? क्या गेस्ट अपना सामान
स्वयं लेकर रूम मे जायेगा? और इसी तरह हमे भी क्या चेक आउट करने
के लिये दस बजे तक रुकना पड़ेगा?
बदतमीजी
और निर्लज्जता की हद देखिये, उसका कहना था, सामान हम उठाके
थोड़ी न ले जाएंगे? अब तो धृष्टता की पराकाष्ठा थी! मुझे उसकी बेहयायी का अहसास कराने
के लिये बाध्य होना पड़ा! मैंने कहा कि सामान उठाने के लिये मै आपको नहीं कह रहा हूँ? आपको कोई स्टाफ सर्विस के लिये रखना चाहिये और गेस्ट से इस तरह बेरुखी और
अशिष्टता पूर्ण व्यवहार करने पर तुम्हें शर्म आना चाहिये? उस
मैनेजर रोहित का दुस्साहस देखिये इतनी सब बात होने के बावजूद भी उसे अपने दुष्ट व्यवहार
के लिये कोई पछतावा नहीं था अपितु अपने व्यवहार को न्यायोचित ठहराते हुए उसने निर्लज्जता
पूर्ण लहजे मे कहा कि मैंने सर्विस स्टाफ को 10.00 बजे आने का कहके कौन से बदतमीजी
की? मुझे कतई उम्मीद नहीं थी कि "अतिथि देवो भवः" जैसे
सेवभावि होटल संस्थान मे इस तरह के निंदनीय लम्पट व्यक्ति कैसे रिसिप्शन काउंटर पर
बैठ सकता है?
जब
मैंने उस ढीठ मैनेजर से होटल मालिक का मोबाइल नंबर मांगा तो उसने उनका नंबर उसके पास
होने से इंकार कर दिया। मैंने उस हठी व्यक्ति से ऐसे किसी भी व्यक्ति का नंबर देने
को कहा जिससे उसके (मैनेजर रोहित के) लापरवाह
और दुष्ट व्यवहार की शिकायत की जा सके? तब उसने अपने
वरिष्ठ श्री जावेद का जो नंबर दिया (7317017171)॰ मेरे द्वारा उस नंबर पर जब संपर्क
की कोशिश की गयी तो उक्त मोबाइल, मैनेजर रोहित के पास ही पड़ा था जिस पर मेरे द्वारा
डायल नंबर की रिंग बज रही थी। मैंने उस दुराग्रही मैनेजर को चेताया भी कि तुम्हें सोश्ल
मीडिया की ताकत का अहसास नहीं? मै आपके व्यवहार के अनुभव को सोश्ल
मीडिया पर सांझा करूंगा? लेकिन उस ने बड़े ही रूखे ढंग से कुछ
भी कर लेने का अहंकारी उत्तर दिया!! आप उस क्षण, परिस्थिति उलझन
की कल्पना सहज ही कर सकते है जब ऐसी परिस्थितियों
से रु-ब-रु होना पड़े!!
दुर्भाग्य
देखिये इतनी बहस-मुसाहिब के बीच ही न केवल हाउस कीपिंग स्टाफ, गार्ड और एक
अन्य स्टाफ सेवा के लिये आ गये, जिनको सरलता से बुला कर, मैनेजर इस अप्रिय घटना को टाल सकता था!! मेरा ऐसा मानना है कि प्रतिद्वंद्ता
से परिपूर्ण होटल जैसे सेवाभावि संस्थानों मे क्या मैनेजर रोहित जैसे दुष्ट, निर्लज्ज, बेहया, कुतर्क-वितर्क
करने वाला व्यक्ति संस्थान को आत्मघात की राह पर नहीं ले जा रहा है? मैनेजर के दुर्व्यवहार, क्या होटल प्रबंधन और पर्यटन
विभाग के संज्ञान मे है? क्योंकि एक भी व्यक्ति के अधम व्यवहार
भी पर्यटकों के मन मे उस शहर की नकारात्मक छवि को निर्मित कर सकता है।
विजय
सहगल


4 टिप्पणियां:
Sir हम झांसी वाले जल्दी में किसी का इंतजार नहीं करते व अपना सामान खुद ही उठा लेते हैं
क्या बहुत महंगा Hotel है जो इस तरह की सेवा देते है
ऐसे लोगों से फालतू पंगा न ले please
इसे याद रखेंगे । कभी उधर जाना हुआ तो उस गली में भी ना जाएंगे ।
लोग अक्सर ऐसी शिकायतें सरकारी प्रतिष्ठानों के बारे मे ही करते है।इस वाकये से पता चलता है कि केवल एक कर्मचारी ही अपने व्यवहार से अपने प्रतिष्ठान को बदनाम करने के लिए काफी होता है चाहे वह सरकारी हो या प्राईवेट।
Vijay ji Hume bahut hi Khed hai ki aap ke sath aisa hua , is baare me hum waha ke owner se baat karenge aur uske dwara hi aap se baar karwayi jayegi aap bass un jaise staff ko bada dil dikhate huye maaf kar deejiye ,
Hum Wada karte hain aap se ki next time woh Rohit aap ko us property me nahi dikhega..
Singh Sahab
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